00 अतिक्रमण मुक्त होगी शासकीय भूमि; बेघर होने के बजाय सर्वसुविधायुक्त ईडब्ल्यूएस फ्लैट्स में होगा सम्मानजनक पुनर्वास
TTN डेस्क
रायपुर, 1 जुलाई। नया रायपुर के ग्राम नकटी में शासकीय भूमि से अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई के बीच शासन-प्रशासन ने एक बेहद संवेदनशील और सराहनीय कदम उठाया है। अतिक्रमण से प्रभावित होने वाले 65 परिवारों को बेघर छोड़ने के बजाय, सरकार उन्हें नया रायपुर अटल नगर के सेक्टर-30 स्थित सर्वसुविधायुक्त ईडब्ल्यूएस (EWS) आवासों में बसाने जा रही है। पुनर्वास की इस पूरी प्रक्रिया को पारदर्शी और व्यवस्थित ढंग से पूरा करने के लिए एक आठ सदस्यीय उच्च स्तरीय समिति भी गठित कर दी गई है।
0 बिजली, पानी और उद्यान समेत मिलेंगी सभी शहरी सुविधाएं
प्रभावित परिवारों को केवल पक्का मकान ही नहीं, बल्कि एक बेहतर जीवन स्तर देने की तैयारी की गई है। सेक्टर-30 के जिस आवासीय परिसर में इन्हें शिफ्ट किया जा रहा है, वहाँ बिजली, पेयजल, पक्की कंक्रीट सड़कें, सीवर नेटवर्क, वॉकिंग ट्रैक, सार्वजनिक उद्यान, सामुदायिक भवन और यूटिलिटी शॉपिंग कॉम्प्लेक्स जैसी तमाम आधुनिक शहरी सुविधाएं उपलब्ध हैं। सरकार ने मुस्तैदी दिखाते हुए आवंटित होने वाले घरों में ट्यूबलाइट, पंखे और विद्युत व्यवस्था दुरुस्त करने का काम भी तेजी से शुरू कर दिया है।
0 38 एकड़ सरकारी जमीन पर बनेगी मंडल की योजना
ग्राम नकटी की जिस शासकीय भूमि पर अतिक्रमण है, वह लगभग 38 एकड़ की है। इस जमीन का उपयोग छत्तीसगढ़ गृह निर्माण एवं अधोसंरचना विकास मंडल द्वारा किया जाएगा। इसमें से:
12 एकड़ भूमि: विशेष शासकीय योजना के लिए उपयोग होगी।
26 एकड़ भूमि: इस पर मंडल की स्ववित्तीय सामान्य आवास योजना विकसित की जाएगी।
0 29 जून को हुआ अस्थायी आवंटन, चौथी मंजिल पर मिले घर
जिला प्रशासन ने जांच के बाद 65 पात्र परिवारों की सूची गृह निर्माण मंडल को सौंपी थी। इस सूची के आधार पर बीती 29 जून को प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत सेक्टर-30 में निर्मित रिक्त ईडब्ल्यूएस आवासों का अस्थायी आवंटन कर दिया गया है। सेक्टर-30 परिसर में कुल 1376 (जी+3) आवास निर्मित हैं, जिनमें से चतुर्थ तल (Fourth Floor) पर उपलब्ध 109 रिक्त आवासों को पुनर्वास के लिए चिन्हित किया गया है। प्रत्येक फ्लैट का क्षेत्रफल 31.45 वर्गमीटर (338.40 वर्गफीट) है।
0 निगरानी के लिए बनी 8 सदस्यीय समिति
पुनर्वास प्रक्रिया में कोई अव्यवस्था न हो, इसके लिए मुख्यालय के अपर आयुक्त की अध्यक्षता में आठ सदस्यीय समिति गठित की गई है। इस समिति में उपायुक्त, कार्यपालन अभियंता, संपदा अधिकारी और सहायक अभियंता शामिल हैं, जो यह सुनिश्चित करेंगे कि हर पात्र परिवार को बिना किसी परेशानी के निर्धारित आवास मिल सके।
0 अतिक्रमण हटाना ही नहीं, सम्मानजनक पुनर्वास प्राथमिकता: मंडल




छत्तीसगढ़ गृह निर्माण एवं अधोसंरचना विकास मंडल के अधिकारियों का कहना है कि सरकार की प्राथमिकता केवल शासकीय भूमि को खाली कराना नहीं है, बल्कि प्रभावित परिवारों का सम्मानजनक और स्थायी पुनर्वास सुनिश्चित करना है। इसी मानवीय सोच के साथ आवासों के आवंटन से लेकर मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराने तक हर चरण की कड़ाई से निगरानी की जा रही है।


