


00 शादी तय थी, विवाद के बाद रिश्ता टूटा;3 पहले बुलाया माता पिता को,यहां पहुंचे तो मिली बेटे की मौत की खबर
TTN डेस्क
कोरबा। शहर के ईएसआईसी अस्पताल में कार्यरत युवा डॉक्टर डॉ. एल्विन वे (30) की शनिवार की शाम को अस्पताल परिसर स्थित कर्मचारी आवास के बाथरूम में फांसी पर लटकती लाश मिलने से इलाके में गहरा सदमा छा गया है। पुलिस ने मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी है।
डॉ. एल्विन मूल रूप से केरलम के पालक्काड के रहने वाले थे। उन्होंने कोयंबटूर से एमबीबीएस की पढ़ाई की थी और करीब एक साल पहले कोरबा ईएसआईसी अस्पताल में उनकी पोस्टिंग हुई थी। वे अस्पताल परिसर के कर्मचारी क्वार्टर में अकेले रहते थे।
शनिवार सुबह 9 बजे उनकी ओपीडी ड्यूटी थी, लेकिन वे अस्पताल नहीं पहुंचे। स्टाफ के फोन का कोई जवाब न मिलने पर शाम करीब 4 बजे कर्मचारी उनके आवास पहुंचे। अंदर से जवाब न आने पर खिड़की का कांच तोड़कर अंदर प्रवेश किया गया। बाथरूम में नायलॉन की रस्सी के फंदे पर उनका शव लटका मिला। पुलिस को उनके हाथ पर चोट के निशान भी दिखे। प्रारंभिक आशंका है कि उन्होंने पहले सर्जिकल ब्लेड से नस काटने की कोशिश की और फिर फांसी लगा ली। मौत का सही कारण पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही पता चलेगा।
0 प्रेम प्रसंग और विवाद का एंगल
जांच में सामने आया है कि डॉ. एल्विन का कोयंबटूर की एक युवती से करीब दो साल से प्रेम संबंध था। दोनों की मुलाकात कोचिंग के दौरान हुई थी। परिवार भी शादी के लिए तैयार थे। 11 अगस्त को डॉक्टर कोयंबटूर गए थे। वहां दो दिन होटल में रुककर उन्होंने युवती की मां और भाई से मुलाकात की। 12 अगस्त को पालक्काड के एक चर्च में शादी का आवेदन भी दिया गया था। इसी दौरान किसी बात को लेकर दोनों के बीच विवाद हो गया और रिश्ता टूट गया।
0 तबीयत खराब है बोल माता पिता को बुलाया कोरबा
कोरबा लौटने के बाद डॉक्टर गुमसुम रहने लगे थे। घटना से तीन दिन पहले उन्होंने माता-पिता को फोन कर तबीयत खराब होने की बात कही और उन्हें कोरबा बुलाया था। शनिवार को जब माता-पिता कोरबा पहुंचे, तब उन्हें बेटे की मौत का पता चला।
सिविल लाइन थाना क्षेत्र का यह मामला है। पुलिस प्रेम प्रसंग के एंगल से भी जांच कर रही है। सीएसपी प्रतीक चतुर्वेदी ने बताया कि परिजनों के बयान दर्ज किए जा रहे हैं और जांच जारी है। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है।
यह घटना न सिर्फ अस्पताल परिवार बल्कि पूरे कोरबा शहर के लिए दुखद है। युवा डॉक्टर की असमय मौत ने एक बार फिर मानसिक स्वास्थ्य और रिश्तों के दबाव की गंभीरता को रेखांकित किया है।


