वेदांता ने कर्मचारियों को दिया ₹2,500 करोड़ का बड़ा इक्विटी तोहफा

00 भारत के मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर में सबसे बड़ा कर्मचारी इक्विटी ग्रांट

TTN डेस्क


नई दिल्ली/कोरबा, 22 जनवरी 2026। वेदांता लिमिटेड ने पिछले 5 सालों में अपने कर्मचारियों के लिए एम्प्लॉयी स्टॉक ऑप्शन प्लान (ईएसओपी) के जरिए कुल लगभग ₹2,500 करोड़ का आर्थिक लाभ पहुंचाया है। यह भारत के मैन्युफैक्चरिंग क्षेत्र में कर्मचारियों के लिए सबसे बड़ी इक्विटी ग्रांट मानी जा रही है। कंपनी ने हाल ही में ईएसओपी 2025 के तहत ₹500 करोड़ से ज्यादा के स्टॉक ऑप्शन जारी किए हैं, जिससे करीब 1,200 नए कर्मचारियों को फायदा हुआ है। इनमें फ्रेशर्स और शुरुआती करियर वाले लोग भी शामिल हैं।

0 शेयर सिर्फ ₹1 पर दिए जाते हैं – सबसे सस्ती ईएसओपी योजना

वेदांता की ईएसओपी योजना की सबसे खास बात यह है कि कर्मचारियों को शेयर महज ₹1 की फेस वैल्यू पर दिए जाते हैं। यह भारत में एम्प्लॉयी स्टॉक ऑप्शन की सबसे कम कीमत है। इससे कर्मचारी बहुत कम निवेश में कंपनी के साझेदार बन जाते हैं और कंपनी की तरक्की से सीधा फायदा उठा पाते हैं।

0 40% कर्मचारी कवर, सभी स्तरों पर समावेशी मॉडल

यह योजना कंपनी के लगभग 40% कर्मचारियों को कवर करती है – प्लांट वर्कर्स, फंक्शनल टीम्स और सभी करियर लेवल के लोग इसमें शामिल हैं। पिछले 20 साल से ज्यादा समय से चल रही इस योजना ने वेदांता की कार्य संस्कृति का हिस्सा बनकर कर्मचारियों में स्वामित्व की भावना पैदा की है।

0 फ्रेशर्स को भी जल्दी मिलता है फायदा

वेदांता उन चुनिंदा कंपनियों में शामिल है जो फ्रेशर्स और शुरुआती करियर वाले कर्मचारियों को ईएसओपी देती हैं। वे 3 साल के वेस्टिंग पीरियड में अपने सालाना वेतन का करीब 30% तक ईएसओपी पा सकते हैं।

0 शेयर कीमत में 80% बढ़ोतरी से ₹300 करोड़+ की संपत्ति बनी

हालिया वेस्टिंग साइकिल (ईएसओपी 2022) में वेदांता के शेयर की कीमत में लगभग 80% की बढ़ोतरी हुई। इससे कर्मचारियों के लिए ₹300 करोड़ से ज्यादा की संपत्ति बनी। कंपनी के शेयर ऑल-टाइम हाई पर पहुंचने से हजारों कर्मचारियों के बड़े सपने पूरे हो रहे हैं – जैसे घर खरीदना, बच्चों की पढ़ाई, परिवार की जरूरतें और भविष्य की बचत।

0 कर्मचारियों की जुबानी: आपात स्थिति में लाइफलाइन साबित हुई योजना

हिंदुस्तान जिंक के मैनेजर नीरज कुमार ने बताया, “परिवार को पटना में घर के लिए तुरंत पैसे चाहिए थे, तब ईएसओपी ने बहुत मदद की। शेयर की कीमत बढ़ने से परिवार का सपना पूरा हुआ।”

बालको के एसोसिएट जीएम एस. एम. रहमान कासिम ने कहा, “इससे मेरे बच्चों की पढ़ाई (एक बेटा रूस में एमबीबीएस) बिना टेंशन के चल रही है।”

स्टरलाइट कॉपर के नीलेश भोर ने बताया, “पिता की कार एक्सीडेंट में बड़ा खर्च आया, इंश्योरेंस क्लेम रिजेक्ट हुआ, तब ईएसओपी से ही सब संभला।”

0 अनिल अग्रवाल के विजन से कर्मचारी सशक्त

वेदांता के चेयरमैन अनिल अग्रवाल के विजन के तहत यह योजना कर्मचारियों को सशक्त बनाती है, खासकर युवा पेशेवरों और महिलाओं को आर्थिक अवसर देती है। कंपनी का मानना है कि जो लोग कंपनी की ग्रोथ में योगदान देते हैं, उन्हें उसका सीधा लाभ मिलना चाहिए। यह भारतीय मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर में मुआवजे की पुरानी सोच को बदल रही है, जहां अब प्लांट टीम और जूनियर स्तर के कर्मचारियों को भी इक्विटी ओनरशिप मिल रही है।