00 चैत्र नवरात्रि के चौथे दिन केबल टूटने से हुआ हादसा; 20 फीट नीचे चट्टानों पर गिरी ट्रॉली, मची चीख-पुकार
TTN डेस्क
खल्लारी/महासमुंद। छत्तीसगढ़ के प्रसिद्ध तीर्थ स्थल खल्लारी माता मंदिर में रविवार को एक हृदयविदारक हादसा हो गया। चैत्र नवरात्रि के चौथे दिन दर्शन कर लौट रहे श्रद्धालुओं की रोप-वे ट्रॉली का केबल अचानक टूट गया, जिससे ट्रॉली अनियंत्रित होकर लगभग 20 फीट नीचे चट्टानों पर जा गिरी। इस दर्दनाक हादसे में रायपुर निवासी एक 28 वर्षीय युवती की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि बच्चों और बुजुर्गों समेत 7 अन्य श्रद्धालु गंभीर रूप से घायल हो गए हैं।
0 दर्शन कर लौटते समय सुबह 10:30 बजे टूटी मौत की डोर
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, हादसा सुबह करीब 10 से 10:30 बजे के बीच हुआ। नवरात्रि के कारण मंदिर में भारी भीड़ थी। श्रद्धालु पहाड़ी पर स्थित मंदिर के दर्शन कर रोप-वे से नीचे उतर रहे थे, तभी अचानक मुख्य केबल टूट गई। ट्रॉली सीधे नीचे खाइयों और चट्टानों से टकराई। हादसे के बाद मौके पर चीख-पुकार मच गई। स्थानीय लोगों और मंदिर समिति के सदस्यों ने तत्काल बचाव कार्य शुरू किया।
0 रायपुर की आयुषी ने तोड़ा दम, घायलों का उपचार जारी
हादसे में रायपुर निवासी आयुषी सतकार (28 वर्ष) की गंभीर चोटों के कारण मृत्यु हो गई। घायल श्रद्धालुओं को तुरंत प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया गया, जहाँ से उनकी गंभीर स्थिति को देखते हुए जिला अस्पताल महासमुंद रेफर किया गया है। घायलों में कुछ की हालत अत्यंत नाजुक बताई जा रही है।
0 प्रशासन ने रोकी रोप-वे सेवा, सुरक्षा मानकों पर उठे सवाल
हादसे की सूचना मिलते ही जिला प्रशासन और पुलिस बल मौके पर पहुंचा। स्थानीय ग्रामीणों ने रोप-वे के रखरखाव और सुरक्षा मानकों की अनदेखी का गंभीर आरोप लगाया है। लोगों का कहना है कि नवरात्रि की भीड़ को देखते हुए पहले से जांच नहीं की गई थी। प्रशासन ने एहतियात के तौर पर रोप-वे सेवा को अनिश्चितकाल के लिए बंद कर दिया है और मामले की उच्च स्तरीय जांच के आदेश दिए हैं।
0 800 सीढ़ियों का विकल्प, श्रद्धालुओं में भारी आक्रोश
खल्लारी माता मंदिर तक पहुँचने के लिए लगभग 800 सीढ़ियां चढ़नी पड़ती हैं, जिससे बचने के लिए अधिकतर बुजुर्ग और बच्चे रोप-वे का सहारा लेते हैं। इस बड़े हादसे ने मंदिर की सुरक्षा व्यवस्था पर बड़ा सवाल खड़ा कर दिया है। कलेक्टर ने दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई का आश्वासन दिया है। फिलहाल पूरे क्षेत्र में शोक का माहौल है और घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की प्रार्थना की जा रही है।








